Gomutra ke Fayde | गोमूत्र के फायदे और उपयोग

Gomutra ke Fayde – भारत देश में गाय को मां के समान माना जाता है। गाय का दूध व गोबर से लेकर मूत्र तक सभी हमारे लिए बहुत ही उपयोगी होते है इसकी कारण इसे कामधेनु भी कहा जाता है।  पुराणों में गाय को पवित्र माना गया है साथ ही हमारे लिए इसके महत्व को बताया गया है। इतना ही नहीं वर्तमान में इस वैज्ञानिक युग जिसमें हर चीज विज्ञान से जुड़ी है उसने भी यह माना है कि गाय के दूध एवं मूत्र में बहुत से गुण पाये जाते है जो हमारे लिए फायदेमंद हो सकते हैं।

हम इस लेख में आपको सिर्फ गोमूत्र के बारे में बताने जा रहे हैं। इसमें हम आपको गोमूत्र के फायदे, गोमूत्र के फायदे और उपयोग – Cow Urine Benefits in Hindi, Gomutra Benefits, गोमूत्र को कैसे प्रयोग किया जाता है ये सभी बतायेंगे। तो आइये बिना देर किये हम इस लेख ”Gomutra ke Fayde – गोमूत्र के फायदे और उपयोग” को शुरू करते हैं। 

Table of Contents

गोमूत्र के फायदे – Benefits of Cow Urine in Hindi

आयुर्वेद विज्ञान मे गौ मूत्र को हमारे स्वास्थ्य को ठीक करने और कई प्रकार के रोगों में उपयोगी माना गया है। नीचे इससे होने वाले फायदों के बारे में विस्तार से जानकारी दे रहे हैं —

1. वजन घटाने में गौ मूत्र के फायदे —

आयुर्वेद में गो—मूत्र को प्राकृतिक औषधीय माना जाता है। अगर आप अपने बढ़ते वजन से परेशान हैं तो आपको वजन घटाने के लिए गोमूत्र का सेवन करना चाहिए। एक शोध से पता चला है कि वजन को घटाने में गो—मूत्र फायदेमंद होता है।

2. पेट के लिए गोमूत्र के फायदे —

गोमूत्र के फायदे पेट दर्द के लिए भी माने जाते हैं। इसमें पाये जाने वाले एंटीबायोटिक, एंटीकैंसर और एंटीफंगल गुण पेट की परेशानियों में सहायक होते हैं। यदि आप अक्सर पेट दर्द से परेशान रहे हैं तो आप गोमूत्र का सेवन कर सकते हैं इससे आपके पेट में होने वाले दर्द में  राहत मिलेगी।

3. कैंसर में गोमूत्र के लाभ —

गोमूत्र को कैंसर में भी फायदेमंद माना गया है क्योंकि इसमें पाया जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट गुण कैंसर की कोशिकाओं को बढ़ने से रोकता है। इसके साथ ही यह शरीर में ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस और फ्री रेडिक्लस को कम करने में मदद करता है। एक शोध से पता चला है कि गोमूत्र में कीमोप्रिवेंटिव गुण पाया जाता है जो कैंसर के उपचार में प्रयोग किया जाता है।

4. दर्द में गोमूत्र के फायदे —

गोमूत्र के बहुत से फायदों के साथ ही यह दर्द में राहत पहुंचाने के लिए भी प्रयोग किया जा सकता है। दर्द और सूजन में इसके सेवन से आपको लाभ हो सकता है। इसमें पाये जाने वाले गुण दर्द में राहत दिलाते हैं।

5. मधुमेह के रोगियों के लिए गोमूत्र —

यदि आप मधुमेह रोग से परेशान हैं तो आपको गोमूत्र का प्रयोग अवश्य करना चाहिए। इसमें पाये जाने वाले एंटीडायबिटीक व एंटीऑक्सीडेंट गुण शरीर में ग्लूकोज की मात्रा को नियंत्रित करने में मदद कर सकते हैं। एक वैज्ञानिक शोध से ज्ञात हुआ है कि अगर डायबिटीज के रोगी को गोमूत्र का सेवन कराया जाय तो लगभग एक माह में इनका इंसुलिन का स्तर नियंत्रित हो जाता है।

6. गोमूत्र के एंटी-यूरोलिथिएटिक गुण के फायदे —

गोमूत्र में पाये जाने वाले बहुत से गुणों में एक है उसका डिटॉक्स  होना इससे यह आपके खून में पाये जाने वाले विषैले तत्वों को बाहर निकालने में मदद करता है। इन्हीं में से एक है एंटी-यूरोलिथिएटिक गुण जिसमें यह पथरी के प्रभाव को करने करने का काम करता है। यदि आप पथरी के मरीज है और गोमूत्र का सेवन करते हैं तो यह आपकी पथरी के रोग को ठीक करने में मदद कर सकती है। पर ध्यान रहे यदि आपकी पथरी बहुत अधिक है तो आपको इसके साथ किसी अच्छे डॉक्टर से सम्पर्क करना चाहिए।

7. कोलेस्ट्रॉल एवं ​लिवर के लिए गोमूत्र के फायदे  —

यदि आपका खानपान अधिक तैलीय या फिर वसा वाला है तो आपके शरीर में कोलेस्ट्रोल की मात्रा अधिक हो सकती है। यदि ऐसा है तो आपके शरीर में फ्री रेडिकल्स बनने शुरू हो जाते हैं। जिस कारण से आपके लिवर में सूजन होने लगती है और आपको कई और बिमारियों के लगने का खतरा बढ़ जाता है। यदि आप इन अवस्था से बचना चाहते हैं तो आप गोमूत्र कर सकते हैं। गोमूत्र के सेवन से आप इन बिमारियों से बच सकते हैं। गौ मूत्र के सेवन से आप हाइपोलिपिडेमिक (कोलेस्ट्रॉल को कम करना) व हेपेटोप्रोटेक्टिव (लिवर के रोग को नियंत्रित रखना) से सुरक्षित रहते हैं। इसें पाये जाने वाले कॉपर, नाइट्रोजन, यूरिक एसिड, कैलिकेरिन और फॉस्फेट आपको इन बिमारियों से मुक्ति दिलाते हैं।

8. थायराइड में गोमूत्र के लाभ —

यदि आप थाइराइड के रोग से परेशान हैं तो आपके लिए गोमूत्र किसी वरदान से कम नहीं हैं। थाइराइट का स्तर शरीर में सामान्य बनाये रखने क लिए ट्राईआयोडोथायरोनिन एवं थायरोक्सिन हार्मोंस की जरूरत होती है। और इसके संतुलित उत्पादन के लिए आयोडीन की पर्याप्त मात्रा की जरूरत होती है। यदि आप में आयोडीन की कमी है तो आपको गोमूत्र का सेवन करना चाहिए ​क्योंकि इसमें पर्याप्त मात्रा में आयोडीन पाया जाता है जो आपके शरीर में आयोडीन की कमी को पूरा कर सकती है और थायराइड के रोग से मुक्ति दिलाती है।

9. त्वचा के लिए गोमूत्र के फायदे —

गोमूत्र का प्रयोग त्वचा के रोगों जैसे मुंहसोस, फुं​सी एवं एक्जिमा के उपचार में किया जाता है। इतना ही नहीं त्वचा से जुड़ी कुछ ​क्रीमों में भी गोमूत्र का प्रयोग होता है। इससे आपकी त्वचा खुबशुरत और स्वस्थ्य बनी रहती है। क्योंकि गोमूत्र में एंटीमाइक्रोबियल और एंटीऑक्सिडेंट गुण पाये जाते हैं जो त्वचा और चेहरे के लिए फायदेमंद होती है।

गोमूत्र हमारे लिए क्यों महत्वपूर्ण है? — Why is cow urine important for us?

गौ मूत्र में बहुत से औषधीय गुण पाये जाते हैं जो हमारे लिए बहुत ही लाभदायक हैं। गौ मूत्र एनीमिया, कैंसर, मधुमेह, एडिमा और इन जैसे अन्य रोगों में भी फायदेमंद होता है। इसमें एंटीबायोटिक, एंटीकैंसर और एंटीफंगल गुण के अलावा 95 प्रतिशत जल, मिनरल्स, यूरिया, और एंजाइम पाये जाते हैं। इतने सारे गुण होने के कारण यह हमारे लिए बहुत ही लाभदायक होता है।

गोमूत्र के उपयोग – Use of Cow Urine

गोमूत्र का उपयोग क्रीम, साबुन, कृषि के साथ ही बिजली के लिए भी किया जाता है। आगे के लेख में हम इसको विस्तार से जानते हैं।

शैंपू और साबुन में गोमूत्र का उपयोग — आजकल कई प्रकार के आयुर्वेदिक हर्बल शैम्पू, साबुन एवं विभिन्न सौंदर्य प्रसाधानों में गोमूत्र का प्रयोग किया जाता है। आपको पतंजली के प्रोडक्ट्स में गोमूत्र से बने प्रोडक्ट आसानी से मिल जायेंगे।

कृषि में गोमूत्र के उपयोग — गोमूत्र में पाये जाने वाले गुणों में से एक है इसमें पाया जाने वाले नाइट्रोजन​ जिसे रोगाणुरोधी माना जाता है। इसी कारण से गोमूत्र को एक प्राकृतिक कीटनाशक के रूप में प्रयोग किया जाता रहा है। कृषि में इसका उपयोग बहुत ही लभकारी होता है। खेती में फसल को कीटों से बचाने लिए गोमूत्र का प्रयोग किया जा सकता है।

बिजली बनाने में गोमूत्र के फायदे — गोमूत्र में पाया जाने वाला अल्कलाइन गुण बिजली का एक विकल्प के रूप में माना जा सकता है। एक शोध से पता चला है कि लगभग 5 लीटर ताजा गोमूत्र लगभग 1 वॉट बिलली का उत्पादन कर सकता है।

गोमूत्र का उपयोग कैसे करें —

यदि आप गोमूत्र का सेवन करना चा​ह रहे और आपको इसका सेवन कैसे करें यह पता नहीं है तो हम नीचे इसके बारे में आपको बताने जा रहे हैं जो निम्न हैं —

  • गोमूत्र को हमेशा शुद्ध ही पीना चाहिए इसें कुछ भी नहीं मिला ना चाहिए।
  • गोमूत्र को आप सीधे नहीं पी सकते है उससे पहले उसको फिल्टर जरू करना चाहिए क्योंकि उसमें गन्दगी भी हो सकती है।
  • यदि आप सीधे शुद्ध गोमूत्र को नहीं पी सकते है तो आपको आधे कम गोमूत्र में आधा कम पानी, नमक, नींबू के रस को मिलाकर इसका प्रयोग कर सकते हैं।
  • गोमूत्र को आप दिन में दो बार प्रयोग कर सकते हैं।

गोमूत्र से होने वाले नुकसान – Side Effects of Cow Urine

किसी के भी अति प्रयोग से नुकसान हो सकता है या फिर उसे किस प्रकार प्रयोग किया जा सकता है इसको जाने बिना यदि प्रयोग किया जाये तो वह आपको नुकसान पहुंचा सकता है। उसी प्रकार नीचे गोमूत्र से होने वाले कुछ नुकसानों को बताने जा रहे हैं —

  • यदि आप गोमूत्र का सेवन करते हैं तो इसको अधिक समय तक स्टोर न करें इससे इसें बैक्टीरिया पैदा हो सकते हैं जिससे आपको नुकसान हो सकता है।
  • गोमूत्र के प्रयेाग से आपका वजन बढ़ सकता है।
  • गोमूत्र में पाये जाने वाले तत्वों से यदि आपको एलर्जी है तो आपको इसका प्रयोग नहीं करना चाहिए।

हमने उपर लेख में गोमूत्र से जुड़े बहुत से फायदों के बारे में आपको विस्तार से बताया है आशा करते हैं कि आप भी इसके इतने लाभों को जानकार इसके सेवन से वंचित नहीं रहना चाहेंगे। यदि आप उपर दी गई किसी बिमारी से ग्रसित हैं तो आपको गोमूत्र का सेवन अवश्य करना चाहिए। दोस्तों यदि आपको हमारा यह लेख ” Gomutra ke Fayde – गोमूत्र के फायदे और उपयोग ”  अच्छा लगा तो इसको अपने दोस्तों से साथ अवश्य ही शेयर करें।

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