तुलसी ड्रॉप्स के फायदे Benefits of Tulsi Drops in Hindi

तुलसी ड्रॉप्स के फायदे के बारे में जानने से पहले हमें तुलसी के बारे में पुरी जानकारी होनी चाहिए कि तुलसी क्या है और इससे तुलसी ड्रॉप्स कैसे तैयार किया जाता है।

तुलसी एक औषधीय पौधा है जिसे ‘जीवन के लिए अमृत’ माना जाता है। हिंदू धर्म में इस पौधे का विशेष महत्व होता है।  औषधीय और आध्यात्मिक महत्व के कारण तुलसी को अन्‍य जड़ी बूटियों से उच्च माना गया है।

मुख्य रूप से तुलसी की पांच अलग-अलग किस्‍में पाई जाती हैं जो हैं राम तुलसी, श्याम तुलसी या कृष्ण तुलसी, विष्णु तुलसी, अमृत तुलसी और बिस्वा तुलसी।

वर्षों से हमारे देश में स्वास्थ्य के लिए तुलसी का प्रयोग किया जाता रहा है और साथ ही वर्तमान समय में तुलसी के गुणों और उपयोग को लेकर विभिन्न प्रकार के शोध किये जा रहे हैं।

आयुर्वेद विज्ञान में विशेष रूप से तुलसी (tulsi in hindi) के दो प्रकारों को महत्वपूर्ण माना गया है : राम तुलसी (हरी तुलसी) और कृष्ण तुलसी (काली तुलसी)। हालांकि इन दोनों तुलसी के रासायनिक गुणों में ज्यादा अन्तर नहीं है। ये दोनों ही हमारे स्वास्थ्य के लिए लाभकारी हैं।

तुलसी का प्रयोग ​विभिन्न तरह से किया जाता है जैसे उसका अर्क या ड्राप्स के रूप में सीधे खाने में या पानी के साथ इसका प्रयोग किया जात सकता है, सुबह खाली पेट तुलसी की पत्तियां खाने से भी कई प्रकार के रोगों से बचाव होता है इसके आलवा आप तुलसी को शहद के साथ ही खा सकते हैं इससे तुलसी के फायदे कई गुना तक बढ़ जाते हैं।

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तुलसी और उसके औषधिय गुण -tulsi ke fayde

तुलसी की पत्तियों (tulsi leaves) में खनिज एवं विटामिन प्रचूर मात्रा में पाये जाते हैं। विशेष रूप से इसमें विटामिन सी, कैल्शियम, आयरन, जिंक, क्लोरोफिल के साथ ही इसमें सिट्रिक, टारटरिक एवं मैलिक एसिड पाये जाते हैं। इसमें माइक्रोबियल, सूजन, गठिया, डायबिटीज, दमा एवं लिवर की बिमारियों से सुरक्षा देने वाले गुण पाए जाते हैं।

तुलसी का वानस्‍पतिक नाम आसीमम सैक्‍टम है और इसका कुल लैमिएशी है। इसे सामान्य भाषा में तुलसी कहते हैं संस्कृत में विष्‍णुप्रिय, वैष्‍णवी, गौरी के अलावा इसे राम, रामा तुलसी, श्‍याम तुलसी या कृष्ण तुलसी कहा जाता है।

यह भारत के साथ ही मध्य अफ्रीका से दक्षिण पूर्व एशिया के उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में भी उगाई जाती है।

तुलसी में प्रचूर मात्रा में एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं जो पेट समस्याओं समेत भूख कम लगना, कब्ज एवं गैस की समस्या, किडनी से सम्बन्धित बिमारियां, वाटर रिटेंशन, दाद आदि से आराम दिलाने में प्रमुख भूमिका निभाती है।

तुलसी के पोधे की उपयोगिता को देखते हुए ही आयुर्वेदिक दवाइयां बनाने वाली बहुत सारी कंपनियां जैसे डाबर, पतंजली, ‘जौली तुलसी 51 अब इससे कई प्रकार के उत्पाद बनाती है जिसमें प्रमुख रूप से है ‘तुलसी ड्राप्स’।

तुलसी ड्रॉप्स से जुड़ी बातें –

तुलसी ड्रॉप्स को तैयार करने के लिए 5 प्रकार की तुलसी के अर्क का उपयोग किया जाता है जिसमे है – राम तुलसी, शायम तुलसी या कृष्ण तुलसी, विष्णु तुलसी, अमृत तुलसी और बिस्वा तुलसी।

आमतौर पर राम तुलसी हरे रंग की होती है जो हर भारतीय घर में पाई जाती है। वहीं दूसरी ओर कृष्ण तुलसी का रंग काला या बैगनी होता है जिसके गुण राम तुलसी के समान ही होते हैं।

तुलसी का प्रयोग पिछले कई सौ वर्षों से स्वास्थ्य व प्रतिरोेधकता क्षमता को बढ़ाने के लिए होता रहा है।

तुलसी ड्रॉप्स के नियमित उपयोग से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता के साथ ही पाचन शक्ति मजबूत होती है। इससे किसी भी प्रकार के बैक्टीरिया, वायरस, विषैले पदार्थ शरीर पर नुकसान नहीं पहुंचा पाते हैं।

अगर आप इसकी 5-8 बूंदों का प्रतिदिन सेवन करते हैं तो शरीर के भीतर के सभी पदार्थो, एसिड के साथ ही बेकार वसा को भी बाहर निकलाने में मदद करता है। इसका नियमित सेवन हमें कई प्रकार की बिमारियों से तो बचाता ही है साथ ही हमारी चुस्ती-फुर्ती भी बढ़ाता है। पेट के लिए यह औषधि अचूक है।

तुलसी ड्रॉप्स एक कुदरती और प्रमाणित औषधि है जिसके सेवन से चर्म रोग, शुगर, ब्लड प्रेशर, सांस व दमा रोग, किडनी के रोग, किसी भी प्रकार का बुखार व नजला के साथ ही दिल से जुड़ी बिमारियों के शुरूवात में यह बहुत लाभकारी है।

इसका निर्माण कई प्रकार की कम्पनियां कर रही हैं जिसमें प्रमुख हैं डाबर, पतंजली, जौली तुलसी 51, बैद्यनाथ, Zandu Haridra,  आदि। इसकी किमत 150 से 250 के बीच है। जिसको आप आसानी से किसी भी मेडिकल सॉप से ले सकते हैं।

तुलसी ड्रॉप्स के फायदे-Benefits of Tulsi Drops

तुलसी के अनगिनत फायदे हैं इसे आयुर्वेद में अमृत के समान माना गया है। यह शरीर की रोगों से लड़ने की क्षमता बढ़ाने के साथ ही हमारी याददाश्त को बढ़ाने में मदद करती है। आगे हम तुलसी एवं तुलसी ड्रॉप्स के फायदों के बारे में बताने जा रहे हैं। Benefits of Tulsi Drops in hindi

तुलसी ड्रॉप्स के फायदे खाँसी के लिए —

तुलसी खांसी के लिए बहुत ही फायदेमंद होती है बाजार में इसके घटक वाले सिरप मिल जाते हैं लेकिन आप घर पर ही इसको बना सकते हैं जो ज्यादा असरदार होगी। इसके लिए आप 5 लौंग लें जिसे एक कप पानी में उबाल लें और उसमें 5 से 8 बूंद तुलसी ड्रॉप्स डालें। इसमें स्वाद के लिए नमक भी डाला जा सकता है। इसे अब ठण्डा होने दें और अब इसे पी लें। इससे आपकी खांसी के साथ ही सांस की समस्या में भी फायदा होगा।

खांसी और सर्दी जुकाम में तुलसी ड्रॉप्स में लाभ —

तुलसी में ऐसे गुण पाये जाते हैं जो सर्दी-खांसी में आराम दिलाने में मदद करता है। विशेषतौर पर तुलसी के अर्क और अदरक से तैयार काढ़ा। यह काढ़ा कफ को पतला करती है और बंद नाक की होने वाली समस्याओं से आराम दिलाता है। इसके लिए आपको अदरक को एक कप पानी से साथ उबाल लेना चाहिए फिर उसमें तुलसी ड्रॉप्स की 5 से 6 बूंदे डालनी चाहिए आप इसमें शहद भी मिला सकते हैं। अब इस तैयार मिश्रण को दिन में दो बार लेने से आपको फायदा होगा।

तनाव दूर करने में सहायक तुलसी अर्क के फायदे —

एक शोध के अनुसार तुलसी की पत्तियों में एंटी-डिप्रेसेंट और एंटी-एंग्जायटी मौजूद होता है जो कई एंटी-डिप्रेसेंट दवाइयों की तरह ही कार्य करती हैं। आयुर्वेदिक डॉक्टर के अनुसर इसका नियमित सेवन करने से हमें तनाव से आराम मिलता है। इसके लिए तुलसी ड्रॉप्स का प्रयोग चाय व पानी के साथ कर सकते हैं।

कंजक्टीवाइटिस में तुलसी ड्राप्स के फायदे —

तुलसी में मौजूद एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीबैक्टीरियल गुण हमारी आंखों की सूजन को कम करने में मदद करते हैं। यह हमारी आंखों में हो रहे संक्रमण को बढ़ने से रोकता है। तुलसी ड्रॉप्स के प्रयोग से कंजक्टीवाइटिस (आंख आने) की समस्या में आराम मिल सकता है। इसके लिए इसकी 5 से 6 बुंदों को पानी ​में मिलाये। इसमें रूई को भिगोगकर कुछ देर के लिए आंखों में रखें इससे आपको फायदा होगा।

डायबिटीज में तुलसी ड्रॉप्स के लाभ —

तुलसी के प्रयोग से ब्लड शुगर के स्तर को नियंत्रित रखने में मदद मिलती है। जिससे डायबिटीज नियंत्रण में रहता है। तुलसी ड्रॉप्स के नियमित प्रयोग से मधुमेय या शुगर से होने वाली समस्याओं में फायदा होता है। जैसे कि खून में इन्सुलिन की मात्रा बढ़ना, वजन बढ़ना, हाइपरटेंशन आदि। इसके लिए आपको नियमित रूप से तुलसी ड्रॉप्स के 6 से 8 बूंदों का प्रयोग पानी या जूस में डालकर करना चाहिए।

ब्लड प्रेशर कम करने में तुलसी ड्रॉप्स के फायदे —

तुलसी ब्लड प्रेशर को कम करने में मदद करती है। यह सीधे एंडोथेलिन एंजाइम पर असर डालती है जो ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। अत: आपको अगर ब्लड प्रेसर की बिमारी है तो आप तुलसी का प्रयोग कर सकते हैं। इसके लिए आप रोजाना एक से दो बूंद तुलसी ड्रॉप्स को एक गिलास पानी में मिलाकर पी सकते हैं।

तुलसी अर्क के त्वचा के लिए फायदे —

अगर आप मुहांसों से परेशान हैं तो आप तुलसी के प्रयोग से आप चेहरे में होने वाले मुहांसों से निजात पा सकते हैं। क्योंकि तुलसी में एंटीबैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों पाये जाते हैं जो हमारे खून को साफ करने में मदद करते हैं। इसके लिए आप नींबू रस में तुलसी ड्रॉप्स की 1 बूंद मिलाकर उस जगह पर ला सकते हैं, गुलाब जल एवं मुलतानी मिट्टी के पेस्ट में इसकी कुछ बूंदे मिला कर चेहरे पर ला सकते है या फिर एक गिलास पानी में 2 से 3 बूंद को डालकर पी सकते हैं।

इम्युनिटी बढ़ाने में तुलसी ड्रॉप्स के फायदे —

तुलसी हमारे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करती है। इसकी कारण से इसके नियमित प्रयोग से संक्रामक रोगों जैसे कि सर्दी-जुकाम आदि से लड़ने में मदद मिलती है। इम्युनिटी पॉवर बढ़ाने के लिए आपको प्रतिदिन एक से दो बूँद तुलसी ड्रॉप्स को एक गिलास पानी में मिलाकर पिना चाहिए।

आंखों की रोशनी बढ़ाने में तुलसी ड्रॉप्स के लाभ —

तुलसी के रस में ऐसे गुण पाये जाते हैं जो आंखों की रोशनी को बढ़ाने में सहायता करते हैं। इसके लिए आप गुलाब जल में एक बूंद तुलसी ड्रॉप्स को मिलाकर अपनी आंखों में डाल सकते हैं पर इसके प्रयोग से पहले आंखों के डॉक्टर से सलाह कर लेनी चाहिए।

याददाश्त को बढ़ाने में तुलसी ड्रॉप्स के फायदे —

तुलसी में एंटी-डिप्रेसेंट की क्षमता होती है। यह हमारे दिमाग को शांत करने में मदद करती है। इसके नियमित प्रयोग से आप अपनी याददाश्त को बढ़ा सकते हैं। इसके लिए आप एक गिलास पानी में एक से दो बूंदों को डालकर पी सकते हैं।

तुलसी ड्रॉप्स के बुखार में फायदे —

तुलसी थोड़े बुखार में आराम दिलाने में भी मददगार होती है। अगर आपको फ्लू या सर्दी जुकाम में होने वाला बुखार है तो तुलसी के अर्क के प्रयोग से जल्द ठीक हो जाता है। लेकिन अगर आपको ज्यादा बुखार है तो तुरन्त डॉक्टर से मिलना चाहिए।

तुलसी ड्रॉप्स लेने का तरीका –

तुलसी ड्रॉप्स को गर्म पानी, चाय या दूध में डाल कर प्रयोग कर सकते हैं। इसको अच्छे से मिक्स करने के बाद ही इसका सेवन करें। आप इसका प्रयोग दिन में एक से तीन बार कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त अधिक जानकारी के लिए आपको किसी आयुर्वेदिक एक्सपर्ट या डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

तुलसी ड्रॉप्स के नुकसान -Tulsi Side Effects

तुलसी हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत ही लाभदायक हैं। इसके इतने लाभ हैं कि इससे होने वाले हल्के से नुकसान को नजरअंदाज किया जा सकता है। फिर भी हम आपको यहां कुछ नुकसान बताने जा रहे हैं।

तुलसी रक्त को पतला करती है अत: अगर आप खून को जमाने की दवा ले रहे हैं तो इसका प्रयोग न करें।

यदि आप मधुमेह से पीड़ित हैं और उसकी दवा ले रहे हैं पर साथ में तुलसी ड्रॉप्स का प्रयोग कर रहे हैं तो आपको इसका प्रयोग रोक देना चाहिए क्योंकि इससे आपके रक्त शर्करा में अत्यधिक कमी हो सकती है।

गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को तुलसी अर्क की अधिक मात्रा का प्रयोग नहीं करना चाहिए इससे आपको नुकसान हो सकता है।

अगर आप पुरुष हैं और आप एंटी-इनफर्टिलिटी का इलाज करा रहे हैं तो आपको तुलसी ड्रॉप्स का प्रयोग करने से परहेज करना चाहिए। क्योंकि तुलसी की तासीर गर्म होती है जो आपकी प्रजनन क्षमता को नुकसान पहुंचा सकती है।

तुलसी ड्रॉप्स के फायदों के सामने इससे होने वाले नुकसान कुछ भी नहीं हैं। थोड़ी सी सावधानियां रख कर हम इनसे बच सकते हैं। अत: आपको अगर अपना जीवन स्वस्थ्य रह कर गुजारना है तो आपको तुलसी ड्रॉप्स का प्रयोग करना चाहिए।

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